कोटा से वापस आए जिले के 30 बच्चों को सकुशल घर पहुंचाया गया

कोटा से वापस आए जिले के 30 बच्चों को स्वास्थ्य परीक्षण उपरांत सकुशल घर पहुंचाया गया
बच्चों ने कहा, ऐसा लग रहा है जैसे खुला आसमान मिल गया



 रायसेन- आईआईटी और मेडिकल की कोचिंग के लिए कोटा में तैयारी कर रहे प्रदेश के बच्चों को सकुशल वापस लाने के लिए मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने पहल की और उनकी पहल पर प्रदेश के बच्चे सकुशल अपने घर पहुंच गए। कोटा में अध्ययन कर रहे रायसेन जिले के 30 छात्र भी आज सकुशल अपने घर पहुंचे। कलेक्टर श्री उमाशंकर भार्गव ने बताया कि इन सभी बच्चों का चिकित्सकों द्वारा स्वास्थ्य परीक्षण किया गया तथा 14 दिनों तक होम कोरेंटाइन रहने की समझाईश दी गई। प्रशासन द्वारा वाहनों के माध्यम से बच्चों को उनके घर पहुंचाया गया।
कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए लागू लाकडाउन के दौरान लगभग एक महीने बाद कोटा से सकुशल अपने घर पहुंचने की खुशी बच्चों के चेहरे पर अलग ही दिखाई दे रही थी। कोटा में आईआईटी परीक्षा की तैयारी कर रही जिले की अनुश्री जैन, सुमित सहित अन्य बच्चों ने बताया कि अपने घर आकर उन्हें ऐसा लग रहा है जैसे कि खुला आसमान मिल गया है। लॉकडाउन होने पर वह थोड़ा नर्वस हुए थे। कोटा में रहने के दौरान वह सोशल डिस्टेंसिंग सहित सभी आवश्यक सावधानियां बरत रहे थे। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश की सीमा तक राजस्थान पुलिस की गाड़ी भी बस के साथ चल रही थी। बस में भी बैठक व्यवस्था के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग का पालन किया गया था। मुख्यमंत्री जी के सहयोग से शासन द्वारा उन्हें लाने के लिए बहुत अच्छी व्यवस्था की गई थी। उन्हें रास्ते में नाश्ता, भोजन भी उपलब्ध कराया तथा उन्हें रास्ते में किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं हुई। राजस्थान के कोटा जिले में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए वर्तमान में जिले के 30 छात्र निवासरत थे, जिनमें बाड़ी तहसील के दो छात्र, बरेली तहसील के 06 छात्र, बेगमगंज तहसील के 11 छात्र, गैरतगंज तहसील के दो छात्र, सांची का एक छात्र, सिलवानी तहसील के 06 छात्र तथा उदयपुरा तहसील के दो छात्र शामिल हैं।


एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.